ईपीएफ व ईएसआई खाते में पैसा काटे जाने से नाराज कर्मियों ने किया आंदोलन
ढाका नगर परिषद क्षेत्र के सफाई कर्मियों ने शनिवार से सफाई कार्य का बहिष्कार कर दिया है। इसकी वजह से गांधी चौक, निबंधन कार्यालय, गुदरी बाजार मुख्य द्वार सहित कई जगहों पर कूड़े का ढेर लग गया है। इस कारण लोगों को बड़ी परेशानी का सामना करना पड़ रहा। सफाई कर्मी अपने खातों से ईपीएफ व ईएसआई खाता हेतु पैसा काटे जाने से नाराज चल रहे हैं। सफाई कर्मी अजय राम, सचिन राम, रवि राज, रणधीर कुमार, सिकन्दर राम व विजय राम आदि ने बताया कि इस लॉकडाउन व महामारी के मौसम में हम अपनी जान जोखिम में डाल कर गंदगी साफ करने का काम करते हैं। अभाव के कारण घर चलाना मुश्किल हो रहा है।
ऐसे में हमारे दैनिक मजदूरी के पैसों में से पिछले तीन माह से 17 प्रतिशत की राशि एनजीओ द्वारा काटी जा रही है। उसमें समरूपता भी नहीं है। किसी का 15, किसी का 17 तो किसी किसी का 20 प्रतिशत तक पैसा काट लिया गया है। बड़ी विडम्बना यह भी है कि काटे गए पैसों का कोई पावती या पासबुक आदि भी अब तक मुहैया नहीं कराया गया है। इसके कारण हमें ज्यादा परेशानी हो रही है कि आखिर हमारा पैसा कहां गया। जब अपनी मांग लेकर हम अधिकारियों के पास जाते हैं तो उसे दबा दिया जाता है। वहीं दूसरी ओर नगर के कुछ अन्य लोगों का कहना है कि ईपीएफ व ईएसआई के रूप में एनजीओ द्वारा भी कुछ पैसा जमा करना है। इसलिए एनजीओ भी चाह रही है कि यह जमा होने वाला काम ही खत्म हो जाए ताकि उसे वह अतिरिक्त राशि मजदूरों के खाते में नहीं जमा करना पड़े। वैसे तो सफाई कर्मियों ने शुक्रवार को ही सफाई कार्य का बहिष्कार कर दिया था पर वे उस दिन मान-मनौअल के बाद सबने काम किया था। सफाई कर्मियों को समझाने को लेकर ईओ नसीमुद्दीन खां शनिवार को उनके साथ वार्ता भी की पर नतीजा बेहतर नहीं निकल सका। हालांकि इस दौरान कुछ सफाई कर्मियों ने कहा कि हमारे काटे गए पैसों का डिटेल हमें मुहैया कराया जाए। इएसआई के नाम पर जो 05 प्रतिशत पैसा जो इलाज के नाम पर काटा जा रहा है, वह अच्छा या बुरा हो, हमें नहीं कटवाना है। इसके लिए संबंधित एनजीओ से भी सरकारी दिशा निर्देश के आलोक में वार्ता की जा रही है।
इधर एनजीओ के स्थानीय प्रबंधक संजय कुमार ने बताया कि संबंधित कागजातों को मंगाया जा रहा है। सरकार का दिशा निर्देश है कि मजदूरी का 12 प्रतिशत ईपीएफ व 5 प्रतिशत ईएसआई के रूप में काटना है। वे यदि पैसा नहीं कटाना चाह रहे हैं तो सामूहिक रूप से लिखित देना होगा। इसके लिए वरीय अधिकारियों को भी लिखा गया है। ईओ नसीमुद्दीन खां ने कहा कि सरकारी दिशा निर्देश के आलोक में ही उक्त कटौती की जा रही थी। कुछ पैसा इनसे लेना था और कुछ पैसा संबंधित एनजीओ को देना था। पर लाख समझाने के बाद भी वे राजी नहीं हो रहे। जितना दिन वे काम कम करेंगे, उनकी हाजरी काटी जाएगी।
ईपीएफ व ईएसआई खाते में पैसा काटे जाने से नाराज कर्मियों ने किया आंदोलन
नगर परिषद क्षेत्र के सफाई कर्मियों के कार्य बहिष्कार से ढाका के गुदरी बाजार गेट के समीप जमा कूड़ा।


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