भोपाल (प्रवीण चतुर्वेदी). ज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थन में इस्तीफा देकर भाजपा में शामिल हो रहे 22 मंत्री और विधायकों की उपचुनाव में भाजपा से उम्मीदवारी को लेकर नए सियासी समीकरण उभर रहे हैं। पिछले चुनाव में इनके निकट प्रतिद्वंद्वी रहे भाजपा के नेता सिंधिया खेमे के विधायकों की पार्टी में एंट्री से परेशान हैं। सिंधिया के मुखर विरोधी रहे जयभान सिंह पवैया ने चुप्पी साध ली है। तो वहीं महेंद्र सिंह सिसोदिया से चुनाव हारने वाले बृजमोहन सिंह किरार का कहना है कि पिक्चर अभी बाकी है। हालांकि वे पार्टी के निर्णय पर खुलकर नहीं बोल रहे हैं लेकिन अपने भविष्य को लेकर पसोपेश में जरूर हैं। वजह है कि एक साल पहले जिस उम्मीदार को पछाड़ने के लिए पूरी ताकत झोंक दी थी, अब उसके लिए ही वे किस मुंह से वोट मांगेंगे?

जयभान सिंह पवैया मौन, कुछ भी कहने से फिलहाल इनकार



छह मंत्रियों के इस्तीफे के बाद जब वे अब कांग्रेस छोड़ भाजपा से दाेबारा चुनाव लड़ेंगे तो क्षेत्र में भाजपा के दावेदारों की स्थिति क्या रहेगी? इस सवाल पर प्रद्युम्न सिंह तोमर से 21 हजार 44 वोट से चुनाव हारने वाले भाजपा के कद्दवार नेता जयभान सिंह पवैया मौन रहे। उन्होंने फिलहाल इस मामले पर कुछ भी कहने से इनकार कर दिया।

बृजमोहन सिंह किरार



गुना जिले की बमोरी सीट से पूर्व मंत्री महेंद्र सिंह सिसौदिया से 27 हजार 920 मतों से पराजित हुए किरार का कहना है कि पूरी पिक्चर जब सामने आएगी तब सोचेंगे। अभी तो यह भी तय नहीं है कि सरकार गिरेगी या नहीं? ऐसा निर्णय होता है तो हम भी अपनी स्कीम बनाएंगे। अभी मैं कुछ कह नहीं सकता समय आने पर देखेंगे।

सुधीर यादव



सागर जिले की सुरखी सीट से पूर्व मंत्री गोविंद राजपूत से 21 हजार 418 मतों से पराजित हुए यादव का कहना है कि प्रदेश की राजनीतिक स्थिति अभी निरंतर बदल रही है। अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। अगले चार-पांच दिन बाद स्थिति कुछ स्पष्ट हो पाएगी। अभी तो बहुत परिवर्तन की संभावना है।


राजेश सोनकर



इंदौर की सांवेर सीट से पूर्व मंत्री तुलसी सिलावट से महज 2945 मतों से पराजित रहे भाजपा नेता डाॅ. सोनकर का कहना है कि पार्टी नेतृत्व ने ऐसा कोई फैसला लिया है, इसकी मुझे जानकारी नहीं है। कांग्रेस से इस्तीफा देने वाले और विधायक भाजपा में शामिल होंगे यह भी तय नहीं है। इसके बाद भी पार्टी जो निर्देश देगी उसका पालन करेंगे।

मुदित शेजवार



सांची सीट से पूर्व मंत्री प्रभुराम चौधरी से 10 हजार 813 मतों से हारने वाले भाजपा उम्मीदवार मुदित कहते हैं कि वे हमेशा से पार्टी लाइन पर ही चले हैं। यदि कांग्रेस के मंत्री और विधायक इस्तीफा देकर भाजपा में आते हैं तो उनका स्वागत है। प्रदेश में भाजपा की सरकार बनती है तो उसके लिए हम पूरी ताकत लगाएंगे।

ज्योतिरादित्य सिंधिया के भाजपा में आने से बदले सियासी समीकरण।


Click here to see more details

Bihar.         Bollywoodnews

ChandigarhHimachal

Chhattisgarh News

Delhi News.       Enter National

Haryana.      Health news

 Jharkhand News

Lifestylenews

Madhya Pradesh

National.      Punjab News

Rajasthan News.       Sportsnews

Utar Pradesh

Post a Comment

أحدث أقدم