रांची .काेराेना वायरस से निपटने के लिए पूरी दुनिया जंग लड़ रही है। सुकून की बात है कि झारखंड में अब तक काेई पाॅजिटिव मरीज नहीं मिला है। कुल 179 संदिग्धाें की जांच की गई। इनमें 175 की रिपाेर्ट आगई है। सभी निगेटिव हैं। चार की रिपाेर्ट आनी बाकी है। इसी बीच रांची नगर निगम की जाे तस्वीर उभरकर सामने आई है, वह डराने लगी है। निगम का खजाना खाली है। मेयर ने रांची काे सैनिटाइज करने के लिए शहरवासियाें से चंदा मांगा है।
मेयर आशा लकड़ा ने शनिवार काे अधिकारियाें के साथ बैठक कर शहर की साफ-सफाई और सैनिटाइजेशन की तैयारियाें की समीक्षा की। पूरे शहर काे सैनिटाइज करने, सफाईकर्मियाें काे मास्क, हैंड ग्लब्स और सैनिटाइजर उपलब्ध कराने काे कहा। साथ ही सभी सफाईकर्मियाें का जीवन बीमा कराने का निर्देश दिया। उन्हाेंने कहा कि 30 मार्च से शहर के सभी वार्डाें काे सैनिटाइज करने के लिए अतिरिक्त टीम लगाई जाएगी। मुहल्लाें में स्प्रे करने के लिए रेजा काे भी प्रशिक्षण दिया जाएगा। बैठक के बाद पत्रकाराें से बातचीत में उन्हाेंने कहा कि शहर काे सैनिटाइज करने पर निगम राेजाना लाखाें रुपए खर्च कर रहा है, लेकिन सरकार से काेई सहयाेग नहीं मिल रहा है। इसे देखते हुए निगम नागरिक सुविधा मद से सैनिटाइजेशन पर एक कराेड़ रुपए खर्च करेगा। उन्हाेंने पांच माह का मानदेय दान देने की घाेषणा की। साथ ही शहर के संस्थानाें अाैर धनाढ्य लाेगाें से दान देने की अपील की, ताकि शहर काे सैनिटाइज करने का साधन बढ़ाया जा सके। मेयर ने केमिकल, सैनेटाइजर अाैर ब्लीचिंग पाउडर का महीने भर का स्टाॅक रखने का निर्देश दिया।
दूरी बनाए रखिए, लाल होने से बचे रहेंगे...उत्तर-पूर्व के राज्यों को छोड़ अकेला झारखंड सुरक्षित

झारखंड अभी कोरोना वायरस से बचा हुआ है, लेकिन दूसरे राज्याें से जिस तरह लोग बड़ी संख्या में बिना जांच कराए आ रहे हैं, वह डराने वाला है। कोई कंटेनर में भरकर आ रहा है। कोडरमा मेें 20 लोग दूसरे राज्य से पहुंचे। कोई बॉर्डर से पैदल ही पहुंच रहा है। गढ़वा में शनिवार काे करीब 600 लाेग अाए। ग्राम प्रधान अाैर वार्ड पार्षद इसकी पुष्टि करते हैं, लेकिन प्रशासन का कहना है कि सिर्फ 250 लाेग ही गढ़वा अाए हैं। इसी तरह करीब 250 लोग पलामू, 300 लोग सिमडेगा तो 200 लोग चतरा पहुंचे। डीजीपी एमवी राव ने कहा कि अगर गाड़ियाें की चेकिंग नहीं हाे रही है ताे यह गंभीर बात है। अनदेखी बर्दाश्त नहीं होगी।
- 73251 संदिग्ध झारखंड में हाेम क्वारेंटाइन में
- 272 संदिग्ध हाॅस्पिटल में क्वारेंटाइन में
- 911 चीन और दूसरे देशाें से आए यात्री निगरानी में
- 163 की 28 दिन की निगरानी अवधि पूरी
- 179 संदिग्धाें का सैंपल जांच के लिए भेजा गया
- 175 की जांच रिपाेर्ट आई, सभी निगेटिव मिले
- 04 संदिग्ध की रिपाेर्ट अब तक नहीं आई हैं
- 1600 लोगों की स्क्रीनिंग रांची एयरपाेर्ट पर हुई
- 12,400 की स्क्रीनिंग राज्य के एंट्री चेकपाेस्ट पर
काेराेना वायरस से लड़ने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने दवा अाैर मशीनाें की खरीद प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके लिए टेंडर निकाला गया है। एनअारएचएम पाेर्टेबल वेंटिलेटर, वेंटिलेटर फिल्डर, अंबू बैग खरीद रही है। इसके अलावा ट्रिपल लेयर मास्क, हैंड सैनिटाइजर, इंफ्रारेड थर्मल गन, लैरिंगाेस्काेप (चाइल्ड एंड एडल्ट) और हैंड ग्लब्स की खरीद कर रही है। एनअारएचएम दवा भी खरीद रही है। इनमें हाइड्रोक्सोक्लोरोक्वी, क्लोरोक्वीन, एजिथ्रोमाइसिन, अौसलाटैमावी, लिपानवीर (200 एमजी) अौर रेटोनावीर (50 एमजी) शामिल हैं।
डीजीपी से मीट और मछली की दुकानें खुलवाने का आग्रह
कृषि एवं पशुपालन सचिव पूजा सिंघल ने कहा है कि लाॅकडाउन में पशु-पक्षी और मछली के चारा दानाें की दुकानें, अंडा, मुर्गा, मीट एवं मछली की दुकाने खाेलने या बेचने पर राेक नहीं है। उन्हाेंने डीजीपी को पत्र लिखकर कहा है कि स्थानीय स्तर पर पुलिस इन दुकानाें काे खाेलने से राेक रही है। इसलिए थानाें काे स्पष्ट निर्देश दें।
दूसरे राज्याें में फंसे हैं झारखंड के 15 हजार से अधिक लाेग
| राज्य | संख्या |
| गुजरात | 3000 |
| केरल | 2944 |
| आंध्र प्रदेश | 532 |
| तामिलनाडु | 2250 |
| प. बंगाल | 550 |
| मध्यप्रदेश | 138 |
| छत्तीसगढ़ | 1500 |
| दिल्ली | 1500 |
| महाराष्ट्र | 740 |
| पंजाब | 479 |
| यूपी | 1000 |
माॅरीशस में फंसे छात्राें काे वतन लाने का निर्देश
स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने अधिकारियाें काे माॅरीशस में फंसे झारखंड के छात्राें काे वापस लाने का निर्देश दिया है। काेलकाता में पढ़ने वाले ये छात्र इन्टर्न्स के लिए माॅरीशस गए थे। लाॅकडाउन के कारण वहीं फंस गए। इन छात्राें ने फेसबुक अाैर ट्वीटर पर मुख्यमंत्री अाैर स्वास्थ्य मंत्री से मदद मांगी थी।
खाैफ : उड़नदस्ता के चार डाॅक्टर अनुपस्थित, एक दिन का वेतन काटा
काेराेना के खाैफ से उड़नदस्ता टीम के चार डाॅक्टर ड्यूटी पर नहीं पहुंचे। रांची की अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी ने चाराें काे शाेकाॅज किया है। एक दिन का वेतन काटते हुए 24 घंटे के भीतर जवाब देने काे कहा है। टीम में शामिल डाॅ. रेणु प्रसाद, डाॅ. शीतल सरकार, डाॅ. सुबाेधकांत चाैबे अाैर डाॅ. अंशु साेरेन शुक्रवार काे बिना सूचना के अनुपस्थित थे।

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